Breaking

Thursday, 6 December 2018

बसपा प्रमुख मायावती ने किया बीजेपी पर हमला, कहा- देवताओं को जाति में बांटने वालों से जनता सावधान रहे

मायावती ने संविधान निर्माता डॉ भीमराव अंबेडकर (Dr. Bhim Rao Ambedkar) की पुण्यतिथि के मौके पर उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि जाति और संप्रदाय की राजनीति से सामाजिक भेदभाव का खतरा गहरा गया है.
लखनऊ: बुहजन समाज पार्टी (बसपा) अध्यक्ष और यूपी की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती (BSP Chief Mayawati) ने हनुमान जी की जाति बताने वाले प्रकरण को लेकर बीजेपी पर हमला बोला है. उन्होंने कहा है कि समाज को जातियों में बांटने के बाद अब देवी देवताओं को भी जाति में बांटने की राजनीति शुरू हो गई है. सांप्रदायिकता की राजनीति फैलाने वालों से लोगों को सावधान रहना चाहिये. मायावती ने संविधान निर्माता डॉ भीमराव अंबेडकर (Dr. Bhim Rao Ambedkar) की पुण्यतिथि के मौके पर उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि जाति और संप्रदाय की राजनीति से सामाजिक भेदभाव का खतरा गहरा गया है. उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के भगवान हनुमान को दलित समुदाय का बताने वाले कथित बयान का जिक्र करते हुए कहा था कि वोट और चुनावी स्वार्थ की राजनीति में भाजपा के वरिष्ठ नेतागण इतना गिर गये हैं कि अब वे हिन्दू देवी-देवताओं और आस्थाओं को भी नहीं बख्श रहे हैं. उन्होंने (BSP Chief Mayawati) कहा कि योगी आदित्यनाथ का बयान चर्चा का विषय बना हुआ है और उनके इस बयान के आधार पर देश के सभी हनुमान मन्दिरों को दलित पुजारियों के हवाले करने की मांग भी उठ रही है.


मायावती ने भाजपा पर सांप्रदायिकता की राजनीति के जरिये समाज को बांटने का आरोप लगाते हुए कहा कि इन लोगों ने जाति के आधार पर पहले लोगों को बांटा और अब देवी-देवताओं को भी जाति में बांटने का फरमान जारी कर रहे हैं. ऐसे लोगों से देश की जनता को सजग रहने की जरूरत है. बसपा प्रमुख ने दिल्ली स्थित अपने आवास पर पार्टी कार्यकर्ताओं को संकल्प दिलाया कि डॉ. अम्बेडकर द्वारा दिए गए संविधान में एक व्यक्ति एक वोट तथा प्रत्येक वोट का एक समान मूल्य के अधिकार को निष्प्रभावी बनाने की साजिश को सफल नहीं होने देना है.


उन्होंने कहा कि भाजपा की केन्द्र सरकार समतामूलक समाज की स्थापना के संकल्प को साकार करने वाले संविधान को विफल साबित करने के षडयंत्र में लगी है. मायावती ने पार्टी कार्यकर्ताओं से भाजपा की इस साजिश को नाकाम बनाने का आह्वान किया. इस दौरान उन्होंने कांग्रेस पर भी वंचित तबकों के साथ अन्याय करने का आरोप लगाया. मायावती ने कहा  कि कांग्रेस ने अपने लम्बे शासनकाल में सर्वसमाज के गरीबों, मजदूरों, किसानों, दलितों, पिछड़ों और अल्पसंख्यकों को समानता के संवैधानिक अधिकारों से वंचित रखा. इसके कारण ही संघर्षों के बावजूद जातिवाद के शिकार इन वर्गों की दशा आज भी दयनीय है. बता दें कि कुछ दिन पहले राजस्थान विधानसभा चुनाव के प्रचार में एक रैली को संबोधित करते हुए यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने हनुमान जी पर टिप्पणी की थी.

इसको लेकर सीएम योगी की आलोचना हो रही है. इसके साथ ही 'राजस्थान सर्व ब्राह्मण महासभा' नाम के एक संगठन ने सीएम योगी को लीगल नोटिस भेजा है. इस नोटिस में तीन दिन में माफी मांगने की मांग की गई है. इसके साथ ही उन पर वोटों के लिए हनुमान जी की जाति को बीच में लाने का आरोप लगाया गया है. संगठन के प्रमुख सुरेश मेहता ने नोटिस में कहा है कि योगी आदित्यनाथ ने कई श्रद्धालुओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाई

No comments:

Post a Comment